इंदौर, 13 जुलाई।
इंदौर में पोस्टल असिस्टेंट उर्मिला सैनी हत्याकांड के तीसरे दिन भी फरार पति का कोई सुराग नहीं मिलने पर लोगों का आक्रोश बढ़ गया। सोमवार को मृतका के परिजन, स्थानीय रहवासी और डाक विभाग के कर्मचारी संगठनों ने संयोगितागंज थाने का घेराव कर आरोपितों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग करते हुए पुलिस को ज्ञापन सौंपा।
डाककुंज कॉलोनी निवासी और डाक विभाग में पदस्थ पोस्टल असिस्टेंट उर्मिला सैनी की हत्या के मामले में आरोपितों की गिरफ्तारी नहीं होने से परिजनों और विभागीय कर्मचारियों में नाराजगी है। सोमवार को बड़ी संख्या में लोगों और कर्मचारी यूनियनों ने संयोगितागंज थाने पहुंचकर प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि इतनी गंभीर वारदात के बाद भी आरोपितों का पुलिस की पकड़ से बाहर रहना चिंता का विषय है।
इस दौरान अखिल भारतीय रेल डाक सेवा एवं मेल मोटर सेवा कर्मचारी संघ (वर्ग-3), मध्य प्रदेश सर्किल के नेतृत्व में विभिन्न कर्मचारी संगठनों और समाज के लोगों ने थाना प्रभारी केपी यादव को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में उर्मिला सैनी हत्याकांड पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी, निष्पक्ष और त्वरित जांच, पीड़ित परिवार की सुरक्षा तथा महिला कर्मचारियों की कार्यस्थल पर सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की गई।
प्रतिनिधिमंडल ने थाना प्रभारी से कहा कि इस जघन्य वारदात में शामिल सभी आरोपितों की जल्द पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाए। कर्मचारी संगठनों ने चेतावनी दी कि यदि पुलिस की ओर से शीघ्र और संतोषजनक कार्रवाई नहीं हुई तो वे लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। ज्ञापन सौंपने के दौरान स्थानीय नागरिक, पीड़ित परिवार के सदस्य और डाक विभाग के अधिकारी-कर्मचारी भी मौजूद रहे।
गौरतलब है कि उर्मिला सैनी की हत्या शनिवार को उनके सरकारी आवास में हुई थी। घटना का खुलासा तब हुआ, जब उनके दोनों बच्चे स्कूल से लौटे और घर का दरवाजा खुला मिला। अंदर तेज आवाज में टीवी चल रहा था। घर में प्रवेश करने पर बच्चों ने अपनी मां का खून से लथपथ शव देखा, जिसके बाद उन्होंने अपने नाना को सूचना दी। फिलहाल पुलिस की टीमें फरार पति की तलाश में जुटी हुई हैं।















