सियोल, 13 जुलाई।
दक्षिण कोरिया की एक अदालत ने पूर्व राष्ट्रपति यून सुक येओल को एक बड़े राजनीतिक विवाद में दोषी करार देते हुए दो साल कैद की सजा सुनाई है। सियोल सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने उन पर 'मुफ़्त ओपिनियन पोल' मामले में राजनीतिक फंड कानून का उल्लंघन करने का आरोप सिद्ध पाया है। अदालत ने पूर्व राष्ट्रपति पर करीब 13.96 मिलियन वॉन का जुर्माना भी लगाया है।
सरकारी अभियोजन पक्ष ने आरोप लगाया था कि यून और उनकी पत्नी ने अप्रैल 2021 से मार्च 2022 के बीच पावर ब्रोकर म्युंग ताए-क्युन से बड़ी संख्या में ओपिनियन पोल मुफ्त में लिए थे। अदालत ने माना कि उन्होंने इस दौरान 14 ओपिनियन पोल अवैध रूप से प्राप्त किए। इसके बदले में उन्होंने एक विशेष उम्मीदवार के नामांकन का समर्थन करने का वादा किया था।
न्यायाधीश ने फैसला सुनाते हुए कहा कि ऐसे कृत्यों से लोकतांत्रिक व्यवस्था और राजनीति के प्रति जनता का विश्वास प्रभावित होता है, इसलिए यह सजा अनिवार्य है। इसी मामले में आरोपी पावर ब्रोकर म्युंग ताए-क्युन को भी 18 महीने की जेल हुई है। अभियोजन पक्ष ने पूर्व राष्ट्रपति के लिए अधिक सजा की मांग की थी।
यून सुक येओल पहले से ही कानून की कई चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। वर्ष 2024 में मार्शल लॉ लागू करने की विफल कोशिश के लिए उन्हें उम्रकैद की सजा मिल चुकी है। पूर्व राष्ट्रपति के वकील अब मौजूदा फैसले को उच्च अदालत में चुनौती देने की तैयारी कर रहे हैं।














