नई दिल्ली, 13 जुलाई।
बीएसएनएल की वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में सेवा आय लगभग 10 प्रतिशत बढ़कर 4,418 करोड़ रुपये पहुंच गई है। कंपनी के अंतिम वित्तीय आंकड़े एक सप्ताह के भीतर जारी किए जाएंगे, लेकिन प्रारंभिक संकेतक प्रदर्शन में उल्लेखनीय सुधार की ओर इशारा कर रहे हैं।
केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने सोमवार को विज्ञान भवन में बीएसएनएल की रणनीतिक समीक्षा एवं योजना बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि कंपनी के विभिन्न कारोबारी क्षेत्रों में सकारात्मक वृद्धि दर्ज की गई है। उन्होंने बताया कि एंटरप्राइज सेवाओं से होने वाली आय में सालाना आधार पर 19.2 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है और यह लगभग 1,700 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। वहीं, उपभोक्ता मोबिलिटी सेवाओं से प्राप्त आय में करीब 8.5 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई, जो 1,680 से 1,700 करोड़ रुपये के बीच रही। उपभोक्ता फिक्स्ड एक्सेस सेवाओं से आय लगभग 950 करोड़ रुपये के स्तर पर स्थिर बनी हुई है।
सिंधिया ने कहा कि एंटरप्राइज कारोबार बीएसएनएल के लिए सबसे मजबूत क्षेत्र बनकर उभरा है। इस खंड में पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 19 प्रतिशत और पिछली तिमाही की तुलना में 5.3 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। प्रमुख दूरसंचार सर्किलों में छत्तीसगढ़, राजस्थान, महाराष्ट्र और असम का प्रदर्शन उल्लेखनीय रहा है।
उन्होंने कहा कि राजस्व वृद्धि के साथ-साथ नेटवर्क गुणवत्ता में सुधार पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। बीटीएस अपटाइम, औसत मरम्मत समय (एमटीटीआर) और ओएलटी अपटाइम जैसे नेटवर्क प्रदर्शन संकेतकों को बेहतर बनाया जा रहा है। साथ ही पूंजीगत व्यय (कैपेक्स) योजनाओं को भी तय कार्यक्रम के अनुसार आगे बढ़ाया जा रहा है।
संचार मंत्री ने कहा कि बीएसएनएल का लक्ष्य केवल राजस्व में बढ़ोतरी करना नहीं, बल्कि ग्राहकों को बेहतर और भरोसेमंद सेवाएं उपलब्ध कराना भी है। नेटवर्क विस्तार, सेवा गुणवत्ता और डिजिटल अवसंरचना को मजबूत करने के प्रयासों का सकारात्मक असर अब कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन में भी दिखाई देने लगा है।















